36 वोट का कोटा, भाजपा के पास 47 विधायक
राज्यसभा की 12 सीटों के लिए चुनाव कार्यक्रम घोषित हो गया है।
उत्तर प्रदेश की 10, उत्तराखंड की एक सीट पर नियमित चुनाव होगा, जबकि पश्चिम बंगाल की एक सीट पर उपचुनाव होगा।
तीनों राज्यों में 16 अक्टूबर 2026 को मतदान और मतगणना होगी।
इनमें उत्तराखंड की एक राज्यसभा सीट पर होने वाला चुनाव खास है।
वर्तमान में यह सीट भाजपा के नरेश बंसल के पास है। उनका कार्यकाल नवंबर 2026 में समाप्त हो रहा है।
चुनाव कार्यक्रम के अनुसार 29 सितंबर से नामांकन प्रक्रिया शुरू होगी और 6 अक्टूबर तक नामांकन दाखिल किए जा सकेंगे।
7 अक्टूबर को नामांकन पत्रों की जांच होगी और 9 अक्टूबर तक नाम वापस लिए जा सकेंगे।
उत्तराखंड में 36 वोट का है गणित
उत्तराखंड विधानसभा में कुल 70 विधायक हैं।
राज्य में इस बार केवल एक राज्यसभा सीट के लिए चुनाव होना है। ऐसे में जीत के लिए आवश्यक प्रथम वरीयता वोटों का कोटा 36 है।
इसका फॉर्मूला है—कुल विधायकों की संख्या को खाली सीटों में एक जोड़कर भाग दिया जाता है और प्राप्त संख्या में एक जोड़ा जाता है।
यानी 70 को 2 से विभाजित करने पर 35 आता है और उसमें एक जोड़ने पर 36 वोट का कोटा बनता है।
उत्तराखंड विधानसभा के आधिकारिक ई-विधान पोर्टल पर फिलहाल भाजपा के 47 विधायक,
कांग्रेस के 20, दो निर्दलीय और एक बसपा विधायक दर्ज हैं।
इस संख्या के आधार पर भाजपा के पास अकेले ही 36 वोट के आवश्यक आंकड़े से अधिक विधायक हैं।
हालांकि अंतिम चुनावी स्थिति उम्मीदवारों के नामांकन, राजनीतिक दलों के निर्णय और मतदान के समय उपलब्ध वास्तविक संख्या पर निर्भर करेगी।
नरेश बंसल की सीट पर बढ़ेगी राजनीतिक हलचल
उत्तराखंड से राज्यसभा की कुल तीन सीटें हैं।
वर्तमान में राज्यसभा में उत्तराखंड का प्रतिनिधित्व नरेश बंसल, महेंद्र भट्ट और कल्पना सैनी कर रहे हैं।
मुख्यमंत्री कार्यालय की वेबसाइट पर तीनों को भाजपा सांसद के रूप में सूचीबद्ध किया गया है।
इस बार नरेश बंसल की सीट के लिए चुनाव होना है। ऐसे में 29 सितंबर से शुरू होने वाली नामांकन प्रक्रिया पर राजनीतिक दलों की नजर रहेगी।
उम्मीदवारों के नाम सामने आने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि चुनाव निर्विरोध होता है या मतदान की स्थिति बनती है।
राज्यसभा चुनाव में आम मतदाता सीधे मतदान नहीं करते।
संबंधित राज्य के निर्वाचित विधायक उम्मीदवारों को प्राथमिकता के आधार पर वोट देते हैं।
विधायक पहले पसंद के उम्मीदवार के सामने ‘1’ लिखते हैं और इसके बाद अन्य उम्मीदवारों को अपनी पसंद के क्रम में वरीयता दे सकते हैं।
यूपी की 10 और बंगाल की एक सीट पर भी चुनाव
उत्तर प्रदेश में 10 राज्यसभा सीटों के लिए चुनाव होना है। इनमें वर्तमान में आठ सीटें भाजपा,
एक समाजवादी पार्टी और एक बहुजन समाज पार्टी के पास है।
उत्तर प्रदेश विधानसभा में 403 विधायक हैं और इस बार 10 सीटों के लिए चुनाव होने के कारण एक उम्मीदवार के लिए 38 प्रथम वरीयता वोटों का कोटा बनेगा।
वहीं पश्चिम बंगाल में एक राज्यसभा सीट पर उपचुनाव होगा।
इस सीट के लिए भी 16 अक्टूबर को मतदान कराया जाएगा।
तीनों राज्यों की चुनावी प्रक्रिया 19 अक्टूबर 2026 तक पूरी की जानी है।
उत्तराखंड के लिहाज से अब सबसे अहम तारीख 29 सितंबर है।
इसी दिन नामांकन शुरू होने के साथ यह साफ होना शुरू होगा कि राज्यसभा की एक सीट के लिए मैदान में कौन-कौन से चेहरे उतरते हैं।















Leave a Reply