रीजनल रिपोर्टर

सरोकारों से साक्षात्कार

श्रीनगर की राजनीति की हर नब्ज पहचानता हूं : मोहनलाल जैन

कहा- आजन्म कांग्रेसी हूं, भटक गया था

कांग्रेस के रक्षाबंधन कार्यक्रम में पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष मोहनलाल जैन की मौजूदगी ने श्रीनगर की सियासत में नई चर्चा छेड़ दी।

सर्राफा धर्मशाला में आयोजित कार्यक्रम के मंच पर जैन की मौजूदगी को कांग्रेस में उनकी संभावित वापसी से जोड़कर देखा जा रहा है।

मोहनलाल जैन श्रीनगर की राजनीति का पुराना और चर्चित नाम हैं। वह तीन बार नगर पालिका अध्यक्ष रह चुके हैं।

करीब दस साल तक भाजपा में रहने के बावजूद उनका कहना है कि कांग्रेस से उनकी नाराजगी कभी नहीं रही।

हालांकि, उन्होंने अभी कांग्रेस में औपचारिक वापसी का ऐलान नहीं किया है।

ऐसे में कांग्रेस के मंच पर उनकी मौजूदगी को लेकर राजनीतिक हलकों में कई तरह के कयास लगाए जा रहे हैं।

बोले- परिस्थितियों के चलते कांग्रेस से दूर हुआ

कार्यक्रम के दौरान जब मोहनलाल जैन से कांग्रेस के मंच पर मौजूदगी को लेकर सवाल किया गया,

तो उन्होंने कहा कि कुछ परिस्थितियों के चलते वह कांग्रेस से दूर हुए थे, लेकिन पार्टी से उनकी नाराजगी कभी नहीं रही।

उन्होंने भाजपा और कांग्रेस की कार्यशैली में अंतर होने की बात भी कही।

जैन के इस बयान को उनकी राजनीतिक वापसी के संकेत के तौर पर देखा जा रहा है।

रक्षाबंधन कार्यक्रम की भीड़ पर कही बड़ी बात

कांग्रेस के कार्यक्रम में उमड़ी महिलाओं की भीड़ पर भी मोहनलाल जैन ने प्रतिक्रिया दी।

उन्होंने कहा कि लंबे समय में कई कार्यक्रम देखने के बावजूद उन्होंने इतनी बड़ी भीड़ कई जगह नहीं देखी।

उन्होंने कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल से कहा कि रक्षाबंधन पर महिलाओं ने जो प्रेम और सम्मान दिया है,

उसका जवाब उन्हें भी उनके सुख-दुख में साथ खड़े होकर देना चाहिए।

बोले- श्रीनगर की राजनीति को करीब से जानता हूं

मोहनलाल जैन ने अपनी राजनीतिक पारी का जिक्र करते हुए कहा कि वह तीन बार नगर पालिका अध्यक्ष रह चुके हैं।

इसलिए श्रीनगर की राजनीति और यहां के स्थानीय समीकरणों को वह काफी करीब से जानते हैं।

उन्होंने कहा कि श्रीनगर की राजनीति में स्थानीय समीकरणों के साथ व्यक्तिगत रिश्ते और अलग-अलग गुट भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

उन्होंने पुराने दौर का जिक्र करते हुए शहर में एक समय तीन अलग-अलग रामलीला आयोजित होने का उदाहरण भी दिया।

रोजगार और पलायन को बताया बड़ी चुनौती

मोहनलाल जैन ने श्रीनगर और पहाड़ की प्रमुख समस्याओं में रोजगार और पलायन को भी शामिल किया।

उन्होंने कहा कि पहाड़ के युवा पढ़ाई के लिए बाहर जाते हैं, लेकिन पढ़ाई पूरी करने के बाद भी उन्हें रोजगार नहीं मिल पाता।

ऐसे में कांग्रेस के रक्षाबंधन कार्यक्रम में उमड़ी भीड़ के साथ मोहनलाल जैन की मौजूदगी और उनके बयानों ने श्रीनगर की राजनीति में नई चर्चा शुरू कर दी है।

उन्होंने फिलहाल कांग्रेस में वापसी की घोषणा नहीं की है, लेकिन सवाल जरूर उठने लगा है कि क्या आने वाले दिनों में मोहनलाल जैन कांग्रेस में औपचारिक घर वापसी करेंगे?

https://regionalreporter.in/srinagar-raksha-bandhan-political-power-show-bjp-congress/
https://youtu.be/Nw4bM-WdvFE?si=e29oArgCvzy1pP6r
Website |  + posts

Leave a Reply

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *